कटनी में सरकारी कॉलेजों की मांग पर छात्रों का प्रदर्शन कलेक्ट्रेट के सामने जिला प्रशासन की सजाई प्रतीकात्मक अर्थी,मेडिकल, इंजीनियरिंग और लॉ कॉलेज खोलने की मांग पर 25वें दिन भी जन सत्याग्रह जारी, पीपीपी मॉडल के विरोध में छात्रों ने लगाए नारे
कलयुग की कलम से राकेश यादव

कटनी में सरकारी कॉलेजों की मांग पर छात्रों का प्रदर्शन कलेक्ट्रेट के सामने जिला प्रशासन की सजाई प्रतीकात्मक अर्थी,मेडिकल, इंजीनियरिंग और लॉ कॉलेज खोलने की मांग पर 25वें दिन भी जन सत्याग्रह जारी, पीपीपी मॉडल के विरोध में छात्रों ने लगाए नारे
कलयुग की कलम कटनी – जिले में सरकारी मेडिकल, इंजीनियरिंग और लॉ कॉलेज खोलने की मांग को लेकर छात्रों का जन सत्याग्रह आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। आंदोलन के 25वें दिन शुक्रवार को छात्रों ने कलेक्ट्रेट के मुख्य द्वार के सामने जिला प्रशासन की प्रतीकात्मक अर्थी सजाकर अनोखे अंदाज में विरोध दर्ज कराया। छात्रों ने अर्थी पर फूल-मालाएं चढ़ाईं और जिला प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सरकारी कॉलेज खोलने की मांग बुलंद की।
कटनी एक्शन कमेटी के बैनर तले जारी आंदोलन में शामिल छात्रों ने कहा कि वे पिछले 25 दिनों से शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन अब तक शासन-प्रशासन की ओर से कोई ठोस और सकारात्मक पहल नहीं की गई है। इसी उदासीनता के विरोध में छात्रों ने प्रतीकात्मक अर्थी सजाकर अपना आक्रोश जाहिर किया।
पीपीपी मॉडल नहीं, सरकारी कॉलेज चाहिए
आंदोलनकारी छात्रों ने आरोप लगाया कि जिला प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की उदासीनता के कारण कटनी शिक्षा के क्षेत्र में पिछड़ रहा है। उन्होंने सरकारी मेडिकल, इंजीनियरिंग और लॉ कॉलेज खोलने की मांग दोहराते हुए पीपीपी (पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप) मॉडल पर कॉलेज खोलने के प्रस्ताव का विरोध किया।
छात्रों का कहना है कि निजी कॉलेजों में पढ़ाई का खर्च आम और गरीब परिवारों के लिए बड़ी बाधा बनता है। सरकारी कॉलेज खुलने से क्षेत्र के युवाओं को कम खर्च में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सकेगी और उन्हें उच्च शिक्षा के लिए दूसरे शहरों की ओर पलायन नहीं करना पड़ेगा।
मांग पूरी होने तक जारी रहेगा आंदोलन
आंदोलन में शामिल छात्रों ने स्पष्ट किया कि सरकारी कॉलेजों की मांग केवल कुछ विद्यार्थियों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पूरे जिले के युवाओं और उनके भविष्य से जुड़ा मुद्दा है। सरकारी संस्थान खुलने से स्थानीय विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं मिलेंगी और कटनी शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ सकेगा।
छात्रों ने चेतावनी दी कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक जन सत्याग्रह आंदोलन जारी रहेगा।
प्रतीकात्मक अर्थी प्रदर्शन से शहर में चर्चा
कलेक्ट्रेट के मुख्य द्वार पर जिला प्रशासन की प्रतीकात्मक अर्थी सजाकर किए गए प्रदर्शन ने शहर में चर्चा का माहौल बना दिया। छात्रों ने जिला प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सरकारी कॉलेजों की स्थापना को लेकर अपनी मांग दोहराई।
आंदोलनकारियों के अनुसार, लगातार 25 दिनों से चल रहे इस जन सत्याग्रह के बावजूद अब तक उनकी मांगों पर कोई ठोस पहल सामने नहीं आई है। वहीं, इस मामले में जिला प्रशासन की ओर से अब तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।



