अखबारों में खबर छपते ही हरकत में आया विभाग, कछारगांव छोटा में 2-3 दिन में शुरू होगी नल-जल सप्लाई,विद्युत केबल की मरम्मत के बाद चालू होगा पंप, लापरवाही पर निर्माण एजेंसी ब्लैकलिस्ट; फिलहाल 14 हैंडपंपों के भरोसे ग्रामीण
कलयुग की कलम से राकेश यादव

अखबारों में खबर छपते ही हरकत में आया विभाग, कछारगांव छोटा में 2-3 दिन में शुरू होगी नल-जल सप्लाई,विद्युत केबल की मरम्मत के बाद चालू होगा पंप, लापरवाही पर निर्माण एजेंसी ब्लैकलिस्ट; फिलहाल 14 हैंडपंपों के भरोसे ग्रामीण
कलयुग की कलम उमरिया पान – ग्राम कछारगांव छोटा में पेयजल समस्या को लेकर लगातार समाचार प्रकाशित होने के बाद विभाग ने नियमित जलापूर्ति बहाल करने की तैयारी तेज कर दी है। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (पीएचई) विभाग के कार्यपालन यंत्री पवनसुत गुप्ता के अनुसार, नलकूप की क्षतिग्रस्त विद्युत केबल की मरम्मत कराकर आगामी दो से तीन दिनों में नल-जल योजना से नियमित पेयजल आपूर्ति शुरू करने का लक्ष्य है। फिलहाल ग्रामीणों को 14 चालू हैंडपंपों के माध्यम से पानी उपलब्ध कराया जा रहा है।
अधिकांश काम पूरे, फिर भी बंद पड़ी जलापूर्ति
नल-जल योजना के तहत गांव में नलकूप खनन, पाइपलाइन विस्तार, घरेलू नल कनेक्शन, विद्युत कनेक्शन और सीसी रोड रेस्टोरेशन का काम पूरा हो चुका है। वहीं, उच्चस्तरीय पानी की टंकी और संपवेल का निर्माण लगभग 90 प्रतिशत पूरा बताया गया है। इसके बावजूद सबमर्सिबल मोटर पंप की विद्युत केबल क्षतिग्रस्त होने और नियमित पंप ऑपरेटर की नियुक्ति नहीं होने से जलापूर्ति बाधित है।
धीमी प्रगति पर निर्माण एजेंसी ब्लैकलिस्ट
योजना के निर्माण कार्य में धीमी प्रगति को लेकर कार्य एजेंसी मेसर्स आरएस कंस्ट्रक्शन के विरुद्ध कार्रवाई की गई है। जिला जल एवं स्वच्छता मिशन (डीडब्ल्यूएसएम) की बैठक में समीक्षा के बाद कलेक्टर के निर्देशानुसार संबंधित फर्म को ब्लैकलिस्ट किया जा चुका है।
केबल सुधरते ही चालू होगा पंप
कार्यपालन यंत्री के मुताबिक, क्षतिग्रस्त विद्युत केबल की मरम्मत कर पंप संचालन शुरू कराने की तैयारी है। इसके लिए ग्राम पंचायत के सरपंच से भी संपर्क कर आवश्यक कार्रवाई के संबंध में जानकारी दी गई है। विभाग ने दो से तीन दिनों में नियमित जलापूर्ति शुरू करने का लक्ष्य रखा है।
14 हैंडपंपों से फिलहाल मिल रहा पानी
नल-जल योजना से नियमित आपूर्ति बहाल होने तक गांव के 14 चालू हैंडपंपों से ग्रामीणों को पेयजल उपलब्ध कराया जा रहा है। अब ग्रामीणों को इंतजार है कि विभाग तय समय-सीमा में मरम्मत कार्य पूरा कर नलों से पानी पहुंचाने की व्यवस्था सुनिश्चित करे।



