जन-विश्वास अभियान में लापरवाही पड़ी भारी, खराब प्रदर्शन वाली पंचायतों पर होगी कार्रवाई!, ढीमरखेड़ा सीईओ युजवेंद्र कोरी ने अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश—शिकायतों का तुरंत करें निराकरण, लापरवाह नोडल अधिकारियों का रुकेगा वेतन
कलयुग की कलम से राकेश यादव

जन-विश्वास अभियान में लापरवाही पड़ी भारी, खराब प्रदर्शन वाली पंचायतों पर होगी कार्रवाई!, ढीमरखेड़ा सीईओ युजवेंद्र कोरी ने अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश—शिकायतों का तुरंत करें निराकरण, लापरवाह नोडल अधिकारियों का रुकेगा वेतन
कलयुग की कलम ढीमरखेड़ा – मुख्यमंत्री-जन विश्वास अभियान 2026 को लेकर जनपद पंचायत ढीमरखेड़ा प्रशासन ने अब सख्त रुख अपनाया है। ग्रामीणों की शिकायतों के निराकरण में देरी और अभियान के प्रचार-प्रसार में लापरवाही को किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। खराब प्रदर्शन करने वाली ग्राम पंचायतों से जवाब मांगा जाएगा, वहीं जिम्मेदारी में लापरवाही बरतने वाले नोडल अधिकारियों पर वेतन रोकने जैसी कार्रवाई की जाएगी।
यह स्पष्ट निर्देश जनपद पंचायत ढीमरखेड़ा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी युजवेंद्र कोरी ने मंगल भवन में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान ग्राम पंचायत सचिवों, ग्राम रोजगार सहायकों, शाखा प्रभारियों, सेक्टर प्रभारी और नोडल अधिकारियों को दिए।
हर शिकायत पर हो त्वरित कार्रवाई
सीईओ कोरी ने कहा कि नागरिकों की समस्याओं का समाधान प्रशासन की पहली प्राथमिकता है। शिकायत जनसुनवाई, सीएम हेल्पलाइन, जन आकांक्षा पोर्टल अथवा किसी अन्य माध्यम से प्राप्त हुई हो, संबंधित अधिकारी शिकायतकर्ता से संवाद कर उसका संतोषजनक एवं समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित करें।
उन्होंने कहा कि केवल शिकायत बंद करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि शिकायतकर्ता को वास्तविक समाधान मिले, यह सुनिश्चित करना अधिकारियों की जिम्मेदारी है।
मुनादी और दीवार लेखन से गांव-गांव पहुंचेगा अभियान
मुख्यमंत्री-जन विश्वास अभियान 2026 के व्यापक प्रचार-प्रसार पर विशेष जोर देते हुए सीईओ ने ग्राम पंचायतों में मुनादी, दीवार लेखन और अन्य स्थानीय माध्यमों से लोगों को अभियान की जानकारी देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अभियान के निर्धारित कार्यक्रम स्थलों पर आवश्यक व्यवस्थाएं समय से पूरी की जाएं और अधिक से अधिक ग्रामीणों की भागीदारी सुनिश्चित की जाए।
अच्छा काम करने वाली पंचायतों की सराहना, कमजोर प्रदर्शन पर नोटिस
बैठक में ग्राम पंचायतवार प्रगति की समीक्षा की गई। बेहतर परिणाम देने वाली पंचायतों के कार्यों की सराहना की गई, जबकि कमजोर प्रदर्शन वाली पंचायतों के प्रति नाराजगी जाहिर की गई। ऐसी पंचायतों के जिम्मेदारों को कारण बताओ सूचना पत्र जारी करने के निर्देश दिए गए।
आवास से लेकर रोजगार तक योजनाओं की समीक्षा
बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के निर्माण एवं पूर्णता की स्थिति, हितग्राहियों की ई-केवाईसी, मुख्यमंत्री जनकल्याण संबल योजना के लंबित अनुग्रह सहायता प्रकरण, ओएसआर, व्हीबी-जी राम जी योजना के तहत श्रमिक नियोजन, डीएलसी सत्यापन सहित विभिन्न योजनाओं और विकास कार्यों की ग्राम पंचायतवार समीक्षा की गई।
सीईओ ने मैदानी अधिकारियों को निर्माण एवं विकास कार्यों की नियमित निगरानी करने तथा गुणवत्ता के साथ कार्य समय पर पूरा कराने के निर्देश दिए।
अनुपस्थित कर्मचारियों पर भी कार्रवाई
समीक्षा बैठक में अनुपस्थित ग्राम पंचायत सचिवों और ग्राम रोजगार सहायकों के संबंध में भी सीईओ ने नाराजगी जताई। उन्होंने संबंधितों को एससीएन जारी करने के निर्देश दिए। साथ ही चेतावनी दी कि जिम्मेदारी में लापरवाही पाए जाने पर संबंधित नोडल अधिकारी के विरुद्ध वेतन रोकने की कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में खंड पंचायत अधिकारी, सहायक यंत्री, पंचायत समन्वय अधिकारी, उपयंत्री, योजना प्रभारी, ग्राम पंचायत सचिव, रोजगार सहायक सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।



