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जनकल्याण शिविर बना युवाओं के भविष्य का द्वार: मौके पर हुआ आईटीआई पंजीयन, तकनीकी शिक्षा के प्रति बढ़ा उत्साह,ढीमरखेड़ा में ‘आईटीआई चलो अभियान’ को मिला जबरदस्त प्रतिसाद, युवाओं ने जाना रोजगार और स्वरोजगार का रास्ता

कलयुग की कलम से राकेश यादव

जनकल्याण शिविर बना युवाओं के भविष्य का द्वार: मौके पर हुआ आईटीआई पंजीयन, तकनीकी शिक्षा के प्रति बढ़ा उत्साह,ढीमरखेड़ा में ‘आईटीआई चलो अभियान’ को मिला जबरदस्त प्रतिसाद, युवाओं ने जाना रोजगार और स्वरोजगार का रास्ता

कलयुग की कलम ढीमरखेड़ा – ग्रामीण युवाओं को तकनीकी शिक्षा और रोजगार से जोड़ने के उद्देश्य से संचालित ‘आईटीआई चलो अभियान’ के तहत ढीमरखेड़ा में आयोजित जनकल्याण शिविर युवाओं के लिए अवसरों का केंद्र बन गया। शिविर में बड़ी संख्या में पहुंचे छात्र-छात्राओं, अभिभावकों और ग्रामीण युवाओं को आईटीआई के विभिन्न पाठ्यक्रमों, रोजगार संभावनाओं तथा प्रवेश प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।

शासकीय आईटीआई द्वारा लगाए गए विशेष सूचना एवं मार्गदर्शन केंद्र पर युवाओं में तकनीकी शिक्षा को लेकर खासा उत्साह देखने को मिला। अधिकारियों ने बताया कि वर्तमान समय में कौशल आधारित शिक्षा रोजगार प्राप्त करने का सबसे प्रभावी माध्यम बन चुकी है और आईटीआई प्रशिक्षण युवाओं को उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप दक्ष बनाता है।

रोजगार के साथ स्वरोजगार की भी मिली जानकारी

शिविर में युवाओं को विभिन्न ट्रेडों, प्रशिक्षण सुविधाओं, अप्रेंटिसशिप योजनाओं तथा निजी एवं शासकीय क्षेत्रों में उपलब्ध रोजगार के अवसरों के बारे में विस्तार से बताया गया। साथ ही स्वरोजगार के लिए उपलब्ध संभावनाओं और कौशल विकास के महत्व पर भी प्रकाश डाला गया।

मौके पर ही हुआ ऑनलाइन पंजीयन और चॉइस फिलिंग

प्रवेश एवं प्रचार-प्रसार प्रभारी अनिल कुमार तिवारी ने उपस्थित अभ्यर्थियों को ऑनलाइन पंजीयन एवं चॉइस फिलिंग की संपूर्ण प्रक्रिया समझाई। उनके मार्गदर्शन में कई इच्छुक विद्यार्थियों का मौके पर ही ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन एवं चॉइस फिलिंग कराई गई। इससे युवाओं को प्रवेश प्रक्रिया को लेकर होने वाली परेशानियों से राहत मिली।

कौशल विकास से आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ेंगे कदम

आईटीआई अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने युवाओं से तकनीकी शिक्षा को अपनाने का आह्वान करते हुए कहा कि कौशल विकास ही आत्मनिर्भर भारत की मजबूत नींव है। उन्होंने विद्यार्थियों से प्रवेश सत्र 2026-27 के लिए निर्धारित समयसीमा के भीतर पंजीयन और चॉइस फिलिंग पूर्ण करने की अपील की।

शिविर के दौरान युवाओं ने आईटीआई पाठ्यक्रमों और रोजगार अवसरों को लेकर कई प्रश्न पूछे, जिनका विशेषज्ञों द्वारा समाधान किया गया। कार्यक्रम ने ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थियों में तकनीकी शिक्षा के प्रति नई जागरूकता और उत्साह का संचार किया।

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