शरद पूर्णिमा पर सेवा की मिसाल: मरीजों को खिचड़ी-फल बांटे, 184 रविवार से जनसेवा में जुटी टीम का सम्मान,असाटी समाज वैश्य विकास समिति की पहल, कटनी कल्याण केंद्र के सेवाभाव को सराहा; सुंदरकांड, भजनोत्सव और सद्भाव प्रार्थना के साथ मनाया पर्व
कलयुग की कलम से राकेश यादव

शरद पूर्णिमा पर सेवा की मिसाल: मरीजों को खिचड़ी-फल बांटे, 184 रविवार से जनसेवा में जुटी टीम का सम्मान,असाटी समाज वैश्य विकास समिति की पहल, कटनी कल्याण केंद्र के सेवाभाव को सराहा; सुंदरकांड, भजनोत्सव और सद्भाव प्रार्थना के साथ मनाया पर्व
कलयुग की कलम कटनी – त्योहारों की खुशियां जब जरूरतमंदों के चेहरों पर मुस्कान बनकर बिखरती हैं, तो सेवा का अर्थ और भी व्यापक हो जाता है। शरद पूर्णिमा के अवसर पर असाटी समाज वैश्य विकास समिति ने जनसेवा और सामाजिक समरसता की ऐसी ही मिसाल पेश की। समाजजनों ने शासकीय जिला चिकित्सालय में मरीजों एवं जरूरतमंदों को खिचड़ी और फल वितरित किए। वहीं, प्रत्येक रविवार जरूरतमंदों की सहायता में जुटी कटनी कल्याण केंद्र की टीम के सेवाभाव का सम्मान कर उनके प्रयासों को सराहा।
अस्पताल में सेवा, मंदिर में भक्ति का संगम
शरद पूर्णिमा पर आयोजित कार्यक्रम की शुरुआत शहर स्थित भगवान परशुराम मंदिर में सद्भाव प्रार्थना, सुंदरकांड पाठ और भजनोत्सव के साथ हुई। श्री संकट मोचन मंडल कटनी के सहयोग से आयोजित धार्मिक कार्यक्रम में समाजजनों ने सहभागिता की। इसके बाद असाटी समाज के सदस्यों ने जिला चिकित्सालय पहुंचकर मरीजों को खिचड़ी और फल वितरित किए। इस पहल के जरिए समाज ने सेवा, सहयोग और मानवीय संवेदना का संदेश दिया।
184वें रविवार भी जरूरतमंदों की सेवा
कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण कटनी कल्याण केंद्र की टीम का सम्मान रहा। टीम लगातार प्रत्येक रविवार जिला चिकित्सालय में मरीजों और जरूरतमंदों की सहायता करती आ रही है। आयोजन के दौरान बताया गया कि टीम ने इस बार 184वें रविवार को भी सेवा कार्य जारी रखा। असाटी समाज वैश्य विकास समिति ने टीम के सदस्यों के समर्पण की सराहना करते हुए उन्हें सम्मानित किया।
सम्मानित होने वालों में राम, अभिलाष, अभिषेक, साकेत, निखिल दुबे, हर्ष गुप्ता, देवेंद्र सिंह और गुड्डू सहित अन्य सहयोगी शामिल रहे। टीम के सदस्य नियमित रूप से खिचड़ी वितरण के साथ जरूरतमंदों की आवश्यकताओं की पूर्ति में भी सहयोग करते हैं।
समाज की एकजुटता ने बढ़ाया आयोजन का गौरव
कार्यक्रम में असाटी समाज की वरिष्ठ सदस्य गौरी शंकर असाटी, अध्यक्ष अनीता शैलेंद्र कुमार असाटी, संरक्षक सरिता योगेंद्र कुमार असाटी, राष्ट्रीय प्रवक्ता गीता राजकुमार असाटी, राष्ट्रीय शिक्षा संयोजक राजेंद्र असाटी, महिला अध्यक्ष सुनीता रामगोपाल असाटी, उपाध्यक्ष संजय असाटी सहित विनय, राजा, मनोज और समाज के अनेक पदाधिकारी, सदस्य व सहयोगी उपस्थित रहे।
सेवा ही पर्व की सच्ची सार्थकता
शरद पूर्णिमा पर आयोजित इस सेवा गतिविधि ने संदेश दिया कि त्योहारों की खुशियां जरूरतमंदों के साथ बांटने से ही सामाजिक संवेदनाएं मजबूत होती हैं। असाटी समाज की इस पहल ने धार्मिक आस्था के साथ मानव सेवा, सामाजिक एकता और परोपकार के महत्व को रेखांकित किया। वहीं, 184 रविवार से निरंतर सेवा में जुटी कटनी कल्याण केंद्र की टीम का सम्मान समाज में सेवाभाव को प्रोत्साहित करने वाला कदम रहा।



