कटनी की धरती में छिपा खनिज खजाना! कोयला सीम मिलने से नई खदान की उम्मीदें प्रबल
कलयुग की कलम से राकेश यादव

कटनी की धरती में छिपा खनिज खजाना! कोयला सीम मिलने से नई खदान की उम्मीदें प्रबल
कलयुग की कलम कटनी -जिले में खनिज संभावनाओं को लेकर बड़ी सकारात्मक खबर सामने आई है। बड़वारा तहसील अंतर्गत ग्राम लुहारवारा क्षेत्र में किए गए संयुक्त भू-वैज्ञानिक सर्वे के दौरान कोयले की सीम मिलने की पुष्टि हुई है। इस उपलब्धि से कटनी जिले में भविष्य में नई कोयला खदान के विकास की संभावनाओं को मजबूती मिली है।
प्रमुख सचिव खनिज साधन विभाग श्री उमाकांत उमराव एवं खनिज संचालक श्री फ्रेंक नोबेल के निर्देश पर नवीन खनिज ब्लॉकों को चिह्नांकित कर नीलामी की प्रक्रिया हेतु जिला स्तरीय प्री-ऑक्शन कमेटी गठित की गई है। इसी क्रम में कलेक्टर श्री आशीष तिवारी के मार्गदर्शन में खनिज अमले ने तकनीकी दल के साथ क्षेत्रीय सर्वे कार्य को गति दी।
शनिवार को क्षेत्रीय प्रमुख भौमिकी एवं खनिकर्म कार्यालय जबलपुर के नेतृत्व में खनिज विभाग की टीम ने ग्राम लुहारवारा में संयुक्त सर्वे किया। उमरार नदी के कटाव के कारण कोयले की सीम सतह पर स्पष्ट रूप से एक्सपोज्ड अवस्था में पाई गई, जिससे प्रथम दृष्टया क्षेत्र में कोयला खनिज की मौजूदगी और उसके विस्तार की संभावना सामने आई है। दल द्वारा विभिन्न बिंदुओं से कोयले के सैंपल एकत्रित किए गए हैं, जिनका परीक्षण कर आगे कोयले की गुणवत्ता (ग्रेड) का निर्धारण किया जाएगा।
खनिज विभाग द्वारा क्षेत्र में कोयले की गहराई में उपलब्धता और विस्तार का आकलन करने के लिए विस्तृत सर्वेक्षण की योजना भी बनाई जा रही है। इसके साथ ही बड़ेरा क्षेत्र से आयरन ओर के नमूने भी एकत्रित किए गए हैं, जिससे जिले में अन्य खनिज संसाधनों की संभावनाएं भी उजागर हुई हैं।
इस संयुक्त सर्वे दल में क्षेत्रीय प्रमुख क्षेत्रीय कार्यालय जबलपुर श्री संजय धोपेश्वर, सहायक भौमिकीविद श्री विमलेश चौधरी, उपसंचालक खनिज श्री आर.के. दीक्षित, सहायक खनिज अधिकारी श्री पवन कुशवाहा सहित तकनीकी अमला उपस्थित रहा।



