कटनी स्लीमनाबाद बेल्ट में खनिज माफिया पर कार्रवाई तेज, दो ट्रक जब्त—गांवों से धड़ल्ले से निकल रही रेत पर सवाल
कलयुग की कलम से राकेश यादव

कटनी स्लीमनाबाद बेल्ट में खनिज माफिया पर कार्रवाई तेज, दो ट्रक जब्त—गांवों से धड़ल्ले से निकल रही रेत पर सवाल
कलयुग की कलम कटनी -जिले में अवैध खनन और खनिज परिवहन पर लगाम कसने के लिए कलेक्टर आशीष तिवारी के निर्देश पर खनिज विभाग की तेज हुई निगरानी का असर दिखाई देने लगा है। गुरुवार को खनिज अमले ने शहर के बाहरी बाईपास मार्गों पर विशेष जांच अभियान चलाया, जिसमें दो भारी वाहनों को बिना दस्तावेज खनिज परिवहन करते पकड़कर जब्त किया गया।
जांच के दौरान स्लीमनाबाद–कटनी मार्ग पर चल रहे ट्रक क्रमांक एमपी 20 एचबी 6383 में मार्बल ब्लॉक तथा ट्रक आरजे 14 जीएच 7554 में गिट्टी ले जाई जा रही थी। दोनों वाहनों के पास परिवहन से संबंधित वैध दस्तावेज न होने पर खनिज विभाग ने अवैध परिवहन का प्रकरण दर्ज करते हुए ट्रकों को पुलिस थाना स्लीमनाबाद में सुरक्षार्थ खड़ा कराया। विभागीय टीम में उप संचालक खनिज रत्नेश दीक्षित, सहायक खनिज अधिकारी पवन कुशवाहा, एवं खनिज निरीक्षक कमलकांत परस्ते सहित पूरा अमला मौजूद रहा।
इसी क्रम में विभाग ने ढीमरखेड़ा क्षेत्र की खदानों से रात दिन चल रहा है रेत का अवैध खनन जिम्मेदार अधिकारियों की चुप्पी पर सवाल खड़े करती है। सरकारी कार्रवाई शहर और मुख्य मार्गों तक तो दिख रही है, लेकिन ग्रामीण इलाकों में खनिज चोरी का खेल जस का तस जारी है।
ढीमरखेड़ा, खमतरा, सिलौड़ी, दशरमन, उमरिया–पान के आसपास के घाटों से रेत का अवैध परिवहन साम ढलते ही अंधेरे में चालू हो जाता है। इस रेत के अवैध परिवहन से शासन को लाखों रुपए का राजस्व नुकसान हो रहा है स्थानीय लोगों का कहना है कि इन क्षेत्रों में रेत भरकर निकलने वाली गाड़ियां बेखौफ दौड़ रही हैं, लेकिन उन्हें रोककर जांच करने वाला कोई भी जिम्मेदार अधिकारी दूर–दूर तक नहीं दिखता। ग्रामीणों ने यह भी सवाल उठाए कि जहां खदानों की निगरानी होनी चाहिए, वहीं निरीक्षण टीमों की कमी के कारण माफिया पूरी तरह सक्रिय हैं।

जिले में खनिज विभाग द्वारा की जा रही कार्रवाई सराहनीय है, लेकिन ग्रामीण क्षेत्रों में अवैध रेत परिवहन पर अंकुश लगाने के लिए लगातार गश्ती दल, रात के समय विशेष जांच और घाटों की सघन निगरानी की जरूरत अभी भी महसूस की जा रही है। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि शहर के साथ-साथ गांवों में भी खनिज नियमों का कड़ाई से पालन कराते हुए अवैध खनन पर पूरी तरह रोक लगाई जाए।



