मध्यप्रदेश

सीएम हेल्पलाईन में संतुष्टिपूर्ण निराकरण का प्रतिशत बढ़ायें – कलेक्टर

कलयुग की कलम राष्ट्रीय समाचार पत्रिका

समय सीमा प्रकरणों की बैठक सम्पन्न

कलेक्टर शशिभूषण सिंह ने सभी विभागों के अधिकारियों को सीएम हेल्पलाईन के निराकृत प्रकरणों में संतुष्टिपूर्ण निराकरण का प्रतिशत बढ़ाने के निर्देश दिये हैं। उन्होने कहा है कि आवेदक से एल-1 स्तर के अधिकारी दूरभाष पर बातचीत कर वस्तुस्थिति की जानकारी लें और प्रकरणों का निराकरण करें, तो संतुष्टिपूर्ण निराकरण का प्रतिशत बढ़ेगा। सोमवार को समय सीमा प्रकरणों की बैठक में कलेक्टर श्री सिंह ने सीएम हेल्पलाईन की समीक्षा के दौरान यह निर्देश दिये। इस मौके पर एसडीएम बलबीर रमन, तहसीलदार मुनौव्वर खान, संदीप श्रीवास्तव, उप संचालक कृषि, जिला संयोजक सरिता नायक, जिला प्रबंधक लोक सेवा दिनेश विश्वकर्मा, उप संचालक पशु चिकित्सा आर0पी0एस0 गहरवार सहित विभाग प्रमुख अधिकारी उपस्थिति थे।

सीएमहेल्पलाईन के प्रकरणों की समीक्षा के दौरान ऊर्जा विभाग के सर्वाधिक प्रकरण लंबित होने और निराकरण में अपेक्षानुरुप गति नहीं पाये जाने पर कलेक्टर श्री सिंह ने कम संतुष्टिपूर्ण प्रकरणों के निराकरण वाले विभागों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिये। कलेक्टर श्री सिंह ने सीएम हेल्पलाईन के संतुष्टिपूर्ण निराकरण की अलग से समीक्षा की। जिनमें 10 विभागों के निराकरण का प्रतिशत 60 से नीचे पाये जाने पर बढ़ाने के निर्देश दिये।

जिला प्रबंधक लोक सेवा दिनेश विश्वकर्मा ने बताया कि सीएम हेल्पलाईन में 23 विभागों के लिये एल-3 अधिकारी जिला कलेक्टर हैं। संबंधित विभाग अपने यहां के फोर्स क्लोज योग्य और प्रकरणों का अंतिम निराकरण कलेक्टर स्तर से जिले में ही करा सकते हैं। इन 23 विभागों में कुल 2363 प्रकरण सीएम हेल्पलाईन के तहत दर्ज है। कलेक्टर ने एक सप्ताह में सभी प्रकरण निराकरण करने के निर्देश दिये। समय सीमा प्रकरणों की बैठक में सीएम हाउस से प्राप्त 4 प्रकरण, लोक सेवा गारंटी के समय बाह्य प्रकरण, समय सीमा प्रकरणों के निराकरण की समीक्षा की गई। कलेक्टर श्री सिंह ने अन्य सामयिक विषयों के तहत गरीब कल्याण सप्ताह के कार्यक्रम, कोविड कमाण्ड कन्ट्रोल सेन्टर, फीवर क्लीनिक, कोरोना कन्ट्रोल रुम की गतिविधियों की समीक्षा की। उन्होने कहा कि कोरोना संक्रमण काल में सभी आवश्यक बचाव की सावधानियां बरतते हुये शासन की योजनाओं और कार्यक्रमों का बेहतर क्रियान्वयन कर लोगों को लाभान्वित कर राहत पहुंचायें। कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि अभी अनिराकृत प्रकरणों के उच्चस्तर पर पहुंचने पर 100 रुपये का जुर्माना लगाया गया है। इसी क्रम में 100 दिवस से 500 दिवस तक शिकायतों के निराकरण हेतु लंबित रहने पर भी जुर्माना अधिरोपित किया जायेगा।

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